
हरिद्वार। हरिद्वार में अतिक्रमण के नाम पर कथित शोषण और उत्पीड़न के विरोध में रेड़ी-पटरी के स्ट्रीट वेंडर्स और लघु व्यापारियों ने नगर निगम प्रांगण में एक दिवसीय धरना देकर जोरदार प्रदर्शन किया। लघु व्यापार एसोसिएशन के प्रांतीय अध्यक्ष संजय चोपड़ा के नेतृत्व में बड़ी संख्या में व्यापारी तुलसी चौक से नगर निगम तक पैदल मार्च करते हुए पहुंचे और आयुक्त कार्यालय के बाहर नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि नगर निगम द्वारा बार-बार की जा रही कार्रवाई से उनके रोजगार पर संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने मांग की कि उत्तराखंड नगरीय फेरी नीति के तहत सभी पंजीकृत स्ट्रीट वेंडर्स को निर्धारित स्थानों पर व्यवस्थित तरीके से व्यापार करने की अनुमति दी जाए।
इस दौरान संजय चोपड़ा ने कहा कि वर्ष 2012 में नगर निगम और जिला प्रशासन द्वारा 15 वेंडिंग जोन चिन्हित किए गए थे, लेकिन अब तक वर्ष 2018 के पंजीकृत लाइसेंस धारक व्यापारियों को वहां व्यवस्थित नहीं किया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि व्यापारियों का सामान जब्त कर उन्हें हटाना प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर आत्मनिर्भर योजना और राष्ट्रीय आजीविका मिशन के प्रावधानों का उल्लंघन है।
उन्होंने मांग की कि जल्द से जल्द फेरी समिति की बैठक बुलाकर व्यापारियों के प्रतिनिधियों के साथ खुली चर्चा की जाए और उन्हें सम्मानजनक स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएं। साथ ही चेतावनी दी कि यदि दो दिनों के भीतर उत्पीड़न बंद नहीं हुआ तो 2 मई से अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
प्रदर्शन में राजकुमार, कमल सिंह, विजय गुप्ता, फूल सिंह, ओम प्रकाश भाटिया, मोहनलाल, कल्याण, वीरेंद्र कुमार, चंदन दास, नीतीश अग्रवाल, कपिल सिंह, सुबोध गुप्ता, कुंदन कश्यप, शुभम सैनी, राजू जैन, भोला यादव, चंदन रावत, किशन लाल, हरिकिशन, माया देवी, कामिनी मिश्रा, सीमा, मंजू, पुष्पा दास, गुड्डी देवी, इंदिरा देवी, आशा कश्यप सहित बड़ी संख्या में व्यापारी शामिल रहे।
