Home / शिक्षा / एसएमजेएन पीजी कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना के सात दिवसीय विशेष शिविर का भव्य शुभारंभ..

एसएमजेएन पीजी कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना के सात दिवसीय विशेष शिविर का भव्य शुभारंभ..

हरिद्वार। शुक्रवार को एसएमजेएन पीजी कॉलेज की राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) इकाई के सात रात्रि-दिवसीय विशेष शिविर (2026) का भव्य शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि मनोज गर्ग प्रदेश संयोजक, निकाय प्रकोष्ठ, भाजपा उत्तराखंड द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया।
मुख्य अतिथि मनोज गर्ग ने अपने संबोधन में कहा कि सेवा परमो धर्मः हैं
उन्होंने स्वयंसेविकाओं में सेवा भावना जागृत करते हुए टाटा औद्योगिक संस्थान का उदाहरण प्रस्तुत किया। उन्होंने कोरोना काल के अपने व्यक्तिगत अनुभवों को साझा करते हुए बताया कि किस प्रकार उनके पुत्र द्वारा जारी एक हेल्पलाइन नंबर के माध्यम से असंख्य लोगों तक ऑक्सीजन, दवाइयां और अन्य राहत सामग्री पहुँचाई गई। उन्होंने कहा कि निस्वार्थ सेवा ही मानवता की सच्ची पहचान हैं
महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर डॉ. सुनील कुमार बत्रा ने सभी अतिथियों का अभिनंदन किया। छात्राओं को संबोधित करते हुए उन्होंने NSS के मूल मंत्र को स्पष्ट किया। डॉ. बत्रा ने कहा, “राष्ट्रीय सेवा योजना का अर्थ है—मैं नहीं, परंतु आप। जब आप अपने व्यवहार और कार्यों से दूसरों के चेहरे पर मुस्कान लाते हैं और अनुशासन में रहकर कार्य करते हैं, तभी आपका वास्तविक व्यक्तित्व निखरता है।”
विशिष्ट अतिथियों के विचार रमाशंकर कौशिक साधना धाम ने कहा कि यह सात दिवसीय शिविर जीवन को ‘तपाने’ और निखारने का अवसर है। आपदा के समय सेवा संस्थाएं ही देश को संकट से उबारती हैं। एस.पी. सिंह ने छात्राओं को समय प्रबंधन और जागरूकता का पाठ पढ़ाया। उन्होंने बताया कि इस शिविर का मुख्य उद्देश्य स्वच्छता, स्वास्थ्य, आत्मरक्षा, पर्यावरण और योग के प्रति सजगता पैदा करना है।
NSS प्रभारी पद्मावती तनेजा ने आगामी सात दिनों तक चलने वाली गतिविधियों और प्रोजेक्ट्स की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत की। कार्यक्रम का सफल संचालन पुनिता शर्मा द्वारा किया गया। इस अवसर पर रचना गोस्वामी ने सक्रिय सहयोग प्रदान किया।
कार्यक्रम में प्रशांत किशोर कनखल मंडल अध्यक्ष, राम मूर्ति, आयुष सहित महाविद्यालय के शिक्षक एवं प्रतिभागी स्वयंसेविकाएं उपस्थित रहीं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!