
हरिद्वार। जनपद में महिला समूह को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में एक नई पहल की गई, जिसमें क्लाउड किचन के माध्यम से रोजगार के अवसर सुदृढ़ करने के लिए एवं कामगार कर्मचारियों को घर जैसा खाना उपलब्ध हो सके इसके लिए मुख्य विकास अधिकारी ललित नारायण मिश्रा ने सोमवार को ग्रामीण व्यवसाय इन्क्यूबेटर सेंटर में दीप प्रज्वलित कर क्लाउड किचन के दूसरे चरण का प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
इस अवसर पर महिला समूह को संबोधित करते हुए मुख्य विकास अधिकारी ललित नारायण मिश्रा ने कहा कि सरकार की यह पहल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में मदद करेगी। उन्होंने कहा कि क्लाउड किचन के माध्यम से महिलायें अपने घर से ही व्यवसाय शुरू कर रसोई से रोजगार के अवसर उपलब्ध होगें और अच्छी आय अर्जित कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि जनपद में कई इंडस्ट्रियल एरिया एवं कंपनिया हैं जिसमें कार्य करने वाले कामगारों को खाने की डिमांड रहती है तथा उनकी यह परेशानी है कि उन्हें उनकी मनपसंद का खाना उपलब्ध नहीं होता, उन्हें घर जैसा एवं उनकी मनपसंद का खाना उपलब्ध हो इसी उद्देश्य से महिलाओं को दूसरे चरण का क्लाउड किचन का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, उन्होंने कहा कि पहले चरण में 25 महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जा चुका है जिनके द्वारा गंगा रसोई के नाम से अपना क्लाउड किचन का कार्य शुरू कर दिया गया है।
इस अवसर पर परियोजना निदेशक नलिनीत घिल्डियाल ने बताया कि इस ट्रेनिंग कार्यक्रम का आयोजन एनआरएल एमएमयूयाई और रिप टीम के सहयोग से आर सेटी द्वारा प्रतिभागियों को प्रशिक्षण कराया जा रहा है। सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए बताया कि हमारी मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना टीम द्वारा ट्रेनिंग के दौरान सबको उद्यम रजिस्ट्रेशन, बीएमसी, फ़ूड लाइसेंस आदि सेवाएं उपलब्ध की जाएगी। साथ ही सीसीएल, सीआईएफ एवं वीओ से फंड्स की व्यवस्था की जाएगी।
लीड बैंक अधिकारी दिनेश कुमार गुप्ता ने बताया कि इस कार्यक्रम का आयोजन पंजाब नेशनल बैंक के सीएसआर गतिविधि के अंतर्गत किया जा रहा है।
इस अवसर पर निदेशक आरसीटी शिव कुमार, जिला सूचना अधिकारी रती लाल शाह, परियोजना प्रबंधक रिप संजय सक्सेना, एमसेल्स अमित शर्मा, मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना से बीपीडीई राव आशकर, इंक्यूबेशन मैनेजर योगेन्द्र सिंह एवं सम्बन्धित अधिकारी एवं कर्मचारी सहित क्लाउड किचन प्रशिक्षण प्राप्त कर रही महिलाएँ मौजूद रहे।
