
हरिद्वार। एसएमजेएन (पीजी) कॉलेज में दिनांक 09 सितंबर से 15 सितंबर तक ‘राष्ट्रीय हिंदी दिवस’ के उपलक्ष्य में ‘हिंदी सप्ताह’ का आयोजन किया जा रहा है। गुरुवार को ‘हिंदी ज्ञान प्रश्नोत्तरी’ तथा ‘सामाजिक जागरूकता’ विषय पर स्लोगन प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतियोगिता का आयोजन महाविद्यालय की आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ (IQAC), पर्यावरण प्रकोष्ठ, राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) इकाई, लीगल ऐड सेल, एंटी ड्रग सेल तथा मानक क्लब के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग करते हुए आकर्षक पोस्टरों एवं स्लोगन के माध्यम से सामाजिक व पर्यावरणीय विषयों पर प्रभावी संदेश दिए।
कॉलेज प्रबंध समिति के अध्यक्ष महंत डॉ. रवीन्द्र पुरी महाराज ने सभी प्रतिभागी छात्र-छात्राओं को अपनी शुभकामनाएं प्रेषित कीं। कार्यक्रम में प्राचार्य प्रो. सुनील कुमार बत्रा ने हिंदी भाषा का महत्व रेखांकित करते हुए कहा, “हिंदी केवल एक भाषा नहीं है, बल्कि यह हमारी राष्ट्रीय एकता का प्रतीक है। इस प्रकार की रचनात्मक प्रतियोगिताओं से विद्यार्थियों में सामाजिक उत्तरदायित्व और छिपी हुई प्रतिभाओं का विकास होता है।”
छात्र कल्याण अधिष्ठाता डॉ. संजय कुमार माहेश्वरी एवं राजनीति विज्ञान विभागाध्यक्ष विनय थपलियाल ने विद्यार्थियों को हिंदी भाषा के स्वरूप और उसके सांस्कृतिक महत्व से अवगत कराया।
‘हिंदी ज्ञान प्रश्नोत्तरी’ प्रतियोगिता
प्रश्नोत्तरी में हिंदी भाषा, हिंदी साहित्य, पर्यावरण तथा भारतीय संविधान पर आधारित प्रश्न पूछे गए। इसमें विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। सही उत्तर देने वाले प्रमुख छात्र-छात्राओं में मानसी, प्राची, देव, अपराजिता, निखिल, तनु, हिमांशी, तनीषा, आकाश, वैशाली, विशाखा, प्रिंसी राजपूत, रोहित, निकिता, प्रियांशु, संध्या एवं मुंतजिर शामिल रहे।
‘सामाजिक जागरूकता’ स्लोगन प्रतियोगिता के माध्यम से छात्र-छात्राओं ने सामाजिक संदेश दिए। इस प्रतियोगिता के परिणाम इस प्रकार रहे …
प्रथम स्थान ओमिशा, बीए को,
द्वितीय स्थान संयुक्त रूप से आयुषी बीकॉम एवं कशिश बीए को दिया गया जबकि तृतीय स्थान ( संयुक्त रूप से खुशी शर्मा बीए एवं लक्ष्मी सक्सेना बीकॉम ने अपने नाम किया।
इसके अलावा मंथन, हिमांशी एवं मानसी को सांत्वना पुरस्कार दिया गया।
कार्यक्रम का सफल संयोजन एवं संचालन हिंदी विभाग की शिक्षिकाओं लता शर्मा, आशा शर्मा, मोना शर्मा, रेनू सिंह एवं अनुरिशा द्वारा किया गया।










