
हरिद्वार। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष एवं श्री मनसा देवी मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष डॉ. रविंद्र पुरी ने शनिवार को मनसा देवी मंदिर परिसर का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उनके अचानक मंदिर पहुंचने से कर्मचारियों और अधिकारियों में हलचल मच गई।
निरीक्षण के दौरान श्रीमहंत डॉ. रविंद्र पुरी ने मंदिर परिसर की स्वच्छता, श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध सुविधाओं, सुरक्षा व्यवस्था तथा अन्य व्यवस्थाओं का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए और सभी व्यवस्थाएं हर समय सुचारु रूप से संचालित रहनी चाहिए।
उन्होंने बताया कि पिछले कुछ समय से व्यवस्थाओं को लेकर कुछ शिकायतें प्राप्त हुई थीं, जिसके बाद उन्होंने स्वयं मंदिर पहुंचकर स्थिति का आकलन किया। निरीक्षण के दौरान कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। भविष्य में शिकायत मिलने पर संबंधित कर्मियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
श्रीमहंत डॉ. रविंद्र पुरी ने कहा कि वर्तमान में मंदिर की व्यवस्थाएं संतोषजनक और व्यवस्थित हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा एवं सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए लगातार निगरानी रखी जा रही है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि मंदिर परिसर में सूखे नारियल की बिक्री एवं चढ़ावे की व्यवस्था पूरी तरह बंद कर दी गई है तथा नई व्यवस्था के तहत सभी कार्य सुव्यवस्थित ढंग से संचालित किए जा रहे हैं।
उन्होंने अधिकारियों को विशेष रूप से निर्देश दिए कि दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं के साथ सौहार्दपूर्ण व्यवहार किया जाए तथा उन्हें किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। साथ ही श्रद्धालुओं से अपील करते हुए कहा कि वे जोखिमपूर्ण शॉर्टकट मार्गों का उपयोग न करें और मंदिर आने-जाने के लिए केवल निर्धारित पैदल मार्ग का ही प्रयोग करें।
उन्होंने कहा कि मनसा देवी मंदिर करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है और यहां आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को सुरक्षित, स्वच्छ एवं सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराना मंदिर प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
निरीक्षण के दौरान ट्रस्टी अनिल शर्मा आदि मौजूद रहे।
