
हरिद्वार। नगर निगम हरिद्वार द्वारा अतिक्रमण अभियान के नाम पर रेड़ी-पटरी के लघु व्यापारियों के कथित शोषण और उत्पीड़न के विरोध में बुधवार को बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और रेलवे रोड क्षेत्र के व्यापारियों ने नगर निगम कार्यालय का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। व्यापारियों ने वर्ष 2025 और 2026 में जारी किए गए लाइसेंस दिखाते हुए पुनः बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन के बाहर अलग से वेंडिंग जोन के रूप में व्यवस्थित किए जाने की मांग उठाई।
धरना प्रदर्शन के दौरान लघु व्यापार एसोसिएशन के प्रांतीय अध्यक्ष संजय चोपड़ा ने कहा कि प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर योजना और उत्तराखंड नगरीय फेरी नीति नियमावली 2016 के तहत वर्ष 2018 की सर्वे सूची में पंजीकृत नगर निगम के लाइसेंसधारक स्ट्रीट वेंडर्स को बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन के बाहर वेंडिंग जोन के रूप में स्थापित किया जाना न्यायसंगत है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2018 से नगर निगम द्वारा पंजीकृत स्ट्रीट वेंडर्स को लाइसेंस और परिचय पत्र जारी किए जाते रहे हैं, ऐसे में वैधानिक व्यापारियों को अतिक्रमण अभियान के दौरान परेशान करना उचित नहीं है।
संजय चोपड़ा ने मांग की कि जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन को नगर निगम प्रशासन द्वारा आधिकारिक पत्राचार के माध्यम से अवगत कराया जाए, ताकि लाइसेंसधारक स्ट्रीट वेंडर्स का किसी भी प्रकार का उत्पीड़न न हो।
धरना प्रदर्शन के बीच अपर नगर आयुक्त दीपक कुमार गोस्वामी ने प्रदर्शनकारियों को वार्ता के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने आश्वासन दिया कि उत्तराखंड नगरीय फेरी नीति नियमावली से संबंधित पत्रावली और फेरी समिति की बैठक के निर्णयों का परीक्षण कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए जाएंगे।
प्रदर्शन के दौरान व्यापार संगठन के जिला अध्यक्ष राजकुमार सहित फूल सिंह, सुनील कुकरेती, राकेश कुमार, लालचंद गुप्ता, धर्मपाल, विजय गुप्ता, नरसिंह, सचिन, विकास, भोला यादव, कपिल कुमार, विकी, चंदन रावत, जय सिंह बिष्ट, सचिन कुमार, ऋषिपाल, सुभाष, अर्जुन, दिनेश, नरेश, अमर सिंह, कमल और पवन कुमार समेत बड़ी संख्या में लघु व्यापारी मौजूद रहे।
