
हरिद्वार। राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग की अध्यक्ष साध्वी निरंजन ज्योति ने महिला आरक्षण से जुड़े नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने संसद में बिल गिरने को राजनीतिक इतिहास का “काला दिन” करार दिया।
रविवार को हरिद्वार स्थित निरंजनी अखाड़ा पहुंचीं साध्वी निरंजन ज्योति का अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत रविंद्र पुरी ने स्वागत किया और अपना आशीर्वाद दिया।

मीडिया से बातचीत करते हुए साध्वी निरंजन ज्योति ने कहा कि महिलाओं को आरक्षण देने वाला यह विधेयक पिछले 27 वर्षों से लंबित था। वर्ष 2023 में इसे संसद में लाया गया था और संशोधनों के बाद अब पारित किया जाना था, लेकिन विपक्षी दलों ने इसे पास नहीं होने दिया, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने आरोप लगाया कि जब संसद में यह बिल गिरा, तब विपक्षी दलों ने तालियां बजाकर जश्न मनाया, जो देश की आधी आबादी महिलाओं के अधिकारों का हनन है। उन्होंने कहा कि देश की महिलाओं को इस बिल से काफी उम्मीदें थीं, जिससे उन्हें राजनीति में उचित प्रतिनिधित्व मिल सकता था, लेकिन विपक्ष के विरोध से उनकी उम्मीदों को ठेस पहुंची है।
उन्होंने कहा कि भाजपा महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है।
इस अवसर पर महंत रविंद्र पुरी ने कहा कि साध्वी निरंजन ज्योति का हरिद्वार आगमन संत समाज के लिए गौरव की बात है। उन्होंने नारी शक्ति वंदन अधिनियम को महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताते हुए इसका समर्थन किया और कहा कि महिलाओं को राजनीतिक क्षेत्र में उचित प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से निरंजनी अखाड़े के सचिव महंत रामरतन गिरी, महामंडलेश्वर ललितानंद गिरी, दर्जाधारी राज्यमंत्री सुनील सैनी, भाजपा युवा मोर्चा जिला उपाध्यक्ष भोला शर्मा, संत, पंच, मातृ शक्ति सुशीला पुरोहित, अंजू वधावर, वीना सिंह, निशा, सोनिया, अंजली, गौरी और मंजू सहित बड़ी संख्या में मातृ शक्ति शामिल रहीं।

